भारतीय डाक विभाग की बचत योजनाएं हमेशा से ही मध्यमवर्गीय और गरीब परिवारों के लिए सुरक्षित निवेश का सबसे भरोसेमंद माध्यम रही हैं। वर्तमान में नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट (NSC) एक ऐसी योजना के रूप में उभरी है जो न केवल आपके पैसे को सुरक्षित रखती है, बल्कि बैंक फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) के मुकाबले बेहतर रिटर्न भी प्रदान करती है। भारत सरकार द्वारा समर्थित होने के कारण इसमें निवेश की पूरी गारंटी मिलती है, जिससे यह उन लोगों के लिए वरदान साबित हो रही है जो बिना जोखिम के अपनी बचत बढ़ाना चाहते हैं।
भारत जैसे देश में हर परिवार अपनी मेहनत की कमाई को सुरक्षित रखने और उस पर अच्छा मुनाफा पाने की योजना बनाता है। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए NSC एक बेहतरीन विकल्प है। इस योजना के तहत वर्तमान में 7.7% वार्षिक की दर से आकर्षक ब्याज दिया जा रहा है। यह दर कई निजी और सरकारी बैंकों की बचत योजनाओं से अधिक है। इस स्कीम की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इसमें आपका पैसा पूरी तरह सुरक्षित रहता है और बाजार के उतार-चढ़ाव का इस पर कोई असर नहीं पड़ता।
नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट में निवेश करना बहुत आसान है। आप अपने नजदीकी पोस्ट ऑफिस में जाकर मात्र 1,000 रुपये से निवेश की शुरुआत कर सकते हैं। निवेश की कोई अधिकतम सीमा तय नहीं की गई है, जिससे आप अपनी क्षमता अनुसार 10 लाख रुपये या उससे अधिक भी जमा कर सकते हैं। इस योजना की मैच्योरिटी अवधि 5 वर्ष है। यानी 5 साल के लॉक-इन पीरियड के बाद आप अपनी मूल राशि और उस पर जुड़े ब्याज को एक साथ निकाल सकते हैं। यह लंबी अवधि के लक्ष्यों, जैसे बच्चों की उच्च शिक्षा या विवाह के लिए पैसे जोड़ने का एक शानदार तरीका है।
NSC में निवेश करने से ग्राहकों को कई प्रकार के लाभ मिलते हैं। सबसे पहला लाभ यह है कि इसमें चक्रवृद्धि ब्याज (Compounding Interest) का फायदा मिलता है, जिससे आपकी जमा राशि तेजी से बढ़ती है। दूसरा बड़ा फायदा टैक्स सेविंग का है; आयकर अधिनियम की धारा 80C के तहत इसमें निवेश की गई राशि पर टैक्स छूट का दावा किया जा सकता है। इसके अलावा, यह योजना पूरी तरह फ्रॉड-मुक्त है क्योंकि यह सीधे भारत सरकार के नियंत्रण में आती है। यदि आप अपने भविष्य को आर्थिक रूप से सुरक्षित करना चाहते हैं, तो पोस्ट ऑफिस की यह स्कीम आपके लिए सबसे सही चुनाव हो सकती है।









